36 गुण
अष्टकूट मिलान में आठ बातों (कूटों) की तुलना होती है — वर्ण, वश्य, तारा, योनि, ग्रह मैत्री, गण, भकूट और नाड़ी। इनका मेल देखकर कुल 36 में से अंक दिए जाते हैं।
अंकों का क्या मतलब है
आम तौर पर 18 से ज़्यादा अंक ठीक और 24 से ज़्यादा शुभ माने जाते हैं। लेकिन सिर्फ़ अंक देखना काफ़ी नहीं है — नाड़ी और भकूट दोष भी ध्यान से देखने चाहिए।
अंकों के अलावा क्या देखें
अच्छा ज्योतिषी सिर्फ़ अंकों पर भरोसा करने के बजाय दोनों की पूरी कुंडलियाँ देखता है — दोष, ग्रह दशाएँ और उपाय भी। कुंडली ठीक से देखने के लिए दोनों के जन्म की जानकारी भेजें।
